शनिवार

कामयाबी

           कामयाबी

रोने से तकदीर बदलती नहीं है,
वक्त से पहले रात ढलती नहीं है |
दूसरों की कामयाबी लगती है अासान मगर,
कामयाबी रास्ते में पड़ी मिलती नहीं है |

मिल जाती कामयाबी इत्तफ़ाक से अगर,
सच भी यही है कि वह पचती नहीं है |
कामयाबी पाना है पानी में आग लगाना,
पानी मे आग आसानी से लगती नहीं है |

क्यों लगता है ऐसा जिंदगी में अक्सर,
दुनिया अपने जज़्बात समझती नहीं है |
हर शिकस्त के बाद टूटकर जो संभल गया,
फिर कौन सी बिगड़ी बात बनती नहीं है |

हाथ बाँधकर बैठने से पहले सोच ऐ दिल,
अपने-आप कोई जिंदगी सँवरती नहीं है |
हँसकर आगे बढ़ते जाना क्योंकि,
रोने से तकदीर बदलती नहीं है ||

अज्ञात

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4 टिप्‍पणियां:

  1. कुछ वर्ष पहले पढ़ी इन पंक्तियों ने मुझे इतना प्रभावित किया कि मैने इन्हें अपने पास संजो लिया और लेखक/लेखिका के प्रति आभार के साथ मैं आज इन्हें साझा कर रही हूँ

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